Indigo के सात पायलट इमरजेंसी लाइन पर आपत्तिजनक भाषा में बात करते मिले
सूत्रों ने बताया कि नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने मामले की जांच शुरू की है. नई दिल्ली : एअरलाइन कंपनी इंडिगो (Indigo) के कम से कम सात पायलट (Pilots) आपात संचार के लिए उपयोग की जाने वाली ‘फ्रीक्वेंसी' पर वेतन से जुड़े मुद्दों पर कथित रूप से आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते हुए पाए गए हैं. सूत्रों ने गुरुवार को यह जानकारी दी. इन सभी (पायलट) को कम वेतन के मुद्दे पर ‘‘121.5 मेगाहर्ट्ज फ्रीक्वेंसी'' पर आपत्तिजनक भाषा में अपना गुस्सा जाहिर करते हुए पाया गया. उल्लेखनीय है कि इस ‘फ्रीक्वेंसी' का उपयोग विमान के मुसीबत में होने पर आपात संचार के लिए किया जाता है. सूत्रों ने बताया कि नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने मामले की जांच शुरू की है. हालांकि, इंडिगो का अभी तक इस विषय पर कोई बयान नहीं आया है. यह भी पढ़ें आपात संचार के लिए उपयोग की जाने वाली 21.5 मेगाहर्ट्ज फ्रीक्वेंसी की वायु यातायात नियंत्रक अनिवार्य रूप से निगरानी करते हैं. हालांकि, विभिन्न विमानों के पायलट के बीच हवाई क्षेत्र में संचार के लिए ‘‘123.45 मेगाहर्ट्ज फ्रीक्वेंसी'' का इस्तेमाल किया जाता ...