उल्काओं में है दिलचस्पी तो 30-31 मई की रात आपको आसमान में देखना है, जानें क्या होगा
आसमान में होने वाली घटनाओं में दिलचस्पी रखने वाले लोगों के लिए यह खबर अहम है। अगले हफ्ते की शुरुआत में दुनिया एक उल्का बौछार (meteor shower) को एक्सपीरियंस कर सकती है। ताऊ हरक्यूलिड्स नाम की इस उल्का बौछार के बारे में कहा जाता है कि यह इसी नाम के एक तारे से आती है, जिसका मुख्य धूमकेतु (comet) SW3 है। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) के अनुसार, 30 मई की रात और 31 मई की सुबह के समय में एक छोटी, लेकिन तेज उल्का बौछार आसमान में दिखाई दे सकती है। नासा ने कहा है कि अगर ये उल्काएं पृथ्वी पर पहुंचती हैं, तो वो लगभग 16 किलोमीटर प्रति घंटे की धीमी रफ्तार से वायुमंडल में प्रवेश करेंगी। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी के मुताबिक, दक्षिणी गोलार्ध की तुलना में उत्तरी गोलार्ध में इन उल्का बौछारों को देखना आसान होगा। हालांकि यह सब अभी अनुमान है। अगर धूमकेतु का मलबा उससे अलग हो जाता है, तभी दुनिया एक बेहतरीन उल्का बौछार का अनुभव कर पाएगी। बताया जाता है कि यह पिछले 20 साल की सबसे बेहतरीन उल्का बौछार हो सकती है या फिर कुछ भी ना दिखाई दे। SW3 धूमकेतु की खोज 1930 में हैम्बर्ग ऑब्जर्वेट्री के दो ज...