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एलियंस की मौजूदगी के बारे में क्या कहता है NASA?

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स्पेस या अंतरिक्ष में दिलचस्पी रखने वाले हर व्यक्ति के मन में एक सवाल हमेशा रहता है- क्या पृथ्वी के अलावा भी कहीं जीवन मौजूद है? कई स्पेस अभियानों के बाद भी हम अभी तक धरती के बाहर कहीं भी जीवन के निशान नहीं खोज पाए हैं। हालांकि कई बार हम दुनिया के किसी हिस्से में UFO देखे जाने के बारे में सुनते जरूर हैं। मगर अक्सर ये खबरें सच साबित नहीं होती हैं और कई हमेशा रहस्य ही बनी रह जाती हैं। अगर यूनिवर्स को अनंत मान लिया जाए तो हमने अभी तक एक बाल बराबर भी इसकी सतह को खरोंचा नहीं है। इसी बीच नासा की एक वैज्ञानिक ने एलियंस और उनकी मौजूदगी के बारे में कुछ सवालों के जवाब देने का प्रयास किया है।  NASA के Instagram पेज पर एक वीडियो में, एस्ट्रोबायोलॉजी एक्सपर्ट डॉ लिंडसे हेज़ कहती हैं कि यह वास्तव में एक दिलचस्प सवाल है- एक ऐसा सवाल जिसे वैज्ञानिक वास्तव में लंबे समय से समझने और विस्तार से जानने की कोशिश कर रहे हैं। फिर भी वे किसी अन्य ग्रह पर जीवन की खोज नहीं कर पाए हैं। वह आगे कहती हैं- मगर नासा धरती से परे जीवन के निशानों की तलाश लगातार कर रहा है। यूएस की स्पेस एजेंसी ने मंगल पर पांच रोवर और ...

NASA ने शेयर किया मंगल से दिखने वाले सूर्य ग्रहण का अद्भुत नजारा

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आपने धरती से सूर्यग्रहण तो कई बार देखा होगा, लेकिन क्या आपने कभी मंगल ग्रह से सूर्य ग्रहण देखने के बारे में सोचा है? नासा की बदौलत यह मुमकिन हो सका है। नासा ने एक वीडियो शेयर किया है जिसमें मंगल ग्रह के दो चंद्रमाओं में से एक, सूर्य पर अपनी छाया डाल रहा है। यह मंगल ग्रह की सतह से देखा गया है। इस रोचक वीडियो को अंतरिक्ष एजेंसी के पर्सेवरेंस रोवर ने कैमरे में कैद किया है। इस दौरान लाल ग्रह का एक छोटा, आलू के आकार का चंद्रमा फोबोस (Phobos) मंगल और सूर्य के बीच आ गया था। "तुम सच्चे हो इसीलिए बहुत अच्छे हो। तुमसे नजरें नहीं हटाई जा रहीं।” नासा ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर वीडियो शेयर करते हुए लिखा है।  ये ऑब्जर्वेशन वैज्ञानिकों को चंद्रमा के ऑर्बिट में होने वाली हल्की शिफ्ट को बेहतर ढंग से समझने में मदद कर रही हैं, जिससे पता चलता है कि कैसे इसकी ग्रेविटी मंगल ग्रह की दो ऊपर परतों क्रस्ट और मेंटल को आकार देती है। NASA के पर्सेवरेंस रोवर ने वीडियो कैप्चर करने के लिए 2 अप्रैल को अपने नेक्स्ट-जेनरेशन मास्टकैम-जेड कैमरे का इस्तेमाल किया। वीडियो में दिखाया गया है कि कैसे एक छोटी वस्तु म...

UkraineRussia War NASA Insist International Space Station Unaffected by Conflict रूस-यूक्रेन युद्ध का इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन पर नहीं पड़ेगा असर: नासा

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रूस-यूक्रेन युद्ध (Russia Ukraine War) का असर पूरी दुनिया पर पड़ रहा है। इस बीच नासा (NASA) ने कहा है इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (International Space Station) के ऑपरेशन पर इसका कोई असर नहीं पड़ा है। साथ ही रशियन कैप्सूल पर सवार एक अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री भी योजनाबद्ध तरीके से तय है, जिन्हें इस महीने के अंत में वापस लौटना है।  Mark Vande Hei नाम के अंतरिक्ष यात्री अपने अन्य साथियों Pyotr Dubrov और Anton Shkaplerov के साथ 30 मार्च को कजाकिस्तान के Baikonur Cosmodrome लिए उड़ान भरने वाले हैं। ये लोग 355 दिन के बाद रूसी कैप्सूल Soyuz पर सवार होकर स्पेस से लौटेंगे। यह अमेरिका का एक नया रिकॉर्ड होगा।  अंदेशा लगाया जा रहा था कि यूक्रेन को लेकर अमेरिका और रूस के बीच चल रहे तनाव के कारण कहीं 55 वर्षीय Mark Vande Hei भी बाहर ही उलझे न रह जाएं। लेकिन मीडिया को दिए एक हालिया बयान में नासा के आईएसएस प्रोग्राम मैनेजर जॉयल मॉन्टालबानो ने कहा, "मैं यह पुख्ता तौर पर कह सकता हूं कि मार्क सोयूज पर घर वापसी कर रहे हैं। हम अपने रशियन साथियों के साथ संपर्क में हैं। इसमें कोई अड़चन नहीं है। तीनों क्रू ...

NASA ने दिखाया माइक्रोग्रेविटी में कैसे जलती हैं आग की लपटें!

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मनुष्य ने आग का आविष्कार सदियों पहले कर लिया था और यह सैकड़ों सालों से हमारे इस्तेमाल में है। धरती पर आग के बर्ताव से हम अच्छी तरह से परिचित हैं लेकिन क्या आपने सोचा है कि अंतरिक्ष में अगर आग की लपटें जल रही हों तो वह कैसे बर्ताव करेंगी? सवाल सिर्फ जिज्ञासा का ही नहीं, अंतरिक्ष यात्रियों की सुरक्षा का भी है। भविष्य के स्पेश मिशनों में इस तरह की चुनौती का सामना करना पड़ सकता है। स्पेस में गुरुत्वाकर्षण न के बराबर होता है और आग की लपटें ऐसी स्थिति में अलग तरह से बर्ताव करती हैं। माइक्रोग्रेविटी में आग की लपटें गोलाकार शेप में बने रहने की कोशिश करती हैं। धरती पर जब आग जलती है तो ग्रेविटी वातारण से ठंडी और घनी हवा को नीचे खींचती है और गर्म गैसें लपटों से ऊपर की ओर उठती हैं। यह लपटों की शेप को निर्धारित करता है और उनको अस्थिर बनाता है।  ऐसा भी संभव है कि गुरुत्वाकर्षण में बदलाव आग के फैलने की प्रक्रिया को भी प्रभावित करता हो। माइक्रोग्रेविटी में आग को बुझाना भी मुश्किल काम हो सकता है। नासा (NASA) आग के इस बर्ताव को एडवांस्ड कम्बशन वाया माइक्रोग्रेविटी एक्सपेरिमेंट्स (ACME) के जरिए स्टड...