Vincov-19 : कोविड के लिए भारत की पहली स्वदेशी दवाई

उत्कृष्ट परिणामों का प्रदर्शन करने वाले नैदानिक ​​​​परीक्षणों (clinical trials) के पूरा होने के साथ,  Vincov-19 नामक COVID-19 के इलाज के लिए पहली स्वदेशी दवा जल्द ही जनता के लिए उपलब्ध होने की उम्मीद है।

मुख्य बिंदु 

  • CSIR-Centre for Cellular & Molecular Biology (CCMB), VINS Bioproducts, और हैदराबाद विश्वविद्यालय (UoH) ने ‘Vincov-19’ दवा बनाने के लिए सहयोग किया है।

यह दवा कैसे बनाई जाती है?

इस दवा को बनाने के लिए SARS-CoV-2 वायरस को निष्क्रिय कर घोड़ों में इंजेक्ट किया जाता है। फिर रक्त सीरम के माध्यम से उत्पन्न होने वाले एंटीबॉडी को संश्लेषित किया जाता है और फिर शुद्ध किया जाता है और एक दवा में बदल दिया जाता है। इस दवा को फिर COVID वायरस को बेअसर करने के लिए मनुष्यों में इंजेक्ट किया जाता है।

CSIR-Centre for Cellular & Molecular Biology

CCMB हैदराबाद में स्थित एक भारतीय मौलिक जीवन विज्ञान अनुसंधान संस्थान है। यूनेस्को के ग्लोबल मॉलिक्यूलर एंड सेल बायोलॉजी नेटवर्क ने CCMB को “उत्कृष्टता केंद्र” के रूप में नामित किया है। यह एक अग्रणी शोध संस्थान है जो आधुनिक जीव विज्ञान के क्षेत्रों में उच्च गुणवत्ता वाले बुनियादी अनुसंधान और प्रशिक्षण आयोजित करता है, साथ ही जीव विज्ञान के अंतःविषय क्षेत्रों में नई तकनीकों के लिए केंद्रीकृत राष्ट्रीय सुविधाओं को बढ़ावा देता है। 1 अप्रैल, 1977 को इसे एक अर्ध-स्वायत्त केंद्र के रूप में स्थापित किया गया था।

Categories: विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स

Tags:CCMB , COVID-19 , CSIR-Centre for Cellular & Molecular Biology , Hindi Current Affairs , Hindi News , SARS-CoV-2 , Vincov-19 , VINS Bioproducts , हिंदी करेंट अफेयर्स , हिंदी समाचार

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